मिराज-2000 के शहीद पायलट की पत्नी वायुसेना में बनीं फ्लाइंग ऑफिसर
नई दिल्ली : एक साल पहले बेंगलुरु में क्रैश हुए लड़ाकू विमान मिराज-2000 के शहीद हुए दो पायलटों में से एक की पत्नी गरिमा अबरोल को शनिवार को तेलंगाना में रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने बतौर फ्लाइंग ऑफिसर वायुसेना में कमीशन किया। तेलंगाना के दो दिवसीय दौरे पर गए राजनाथ सिंह तेलंगाना के डंडीगल में एयरफोर्स अकादमी की संयुक्त स्नातक परेड का निरीक्षण करने के बाद शहीद की पत्नी से मिले और वायुसेना का हिस्सा बनने पर बधाई दी।
भारतीय वायु सेना का लड़ाकू विमान मिराज-2000 बेंगलुरु के एचएएल हवाई अड्डे पर 01 फरवरी, 2019 को सुबह 10.30 बजे दुर्घटनाग्रस्त हो गया था। इस विमान को एचएएल द्वारा अपग्रेड किए जाने के बाद भारतीय वायु सेना के स्क्वाड्रन लीडर सिद्धार्थ नेगी और स्क्वाड्रन लीडर समीर अबरोल स्वीकृत परीक्षण उड़ान के लिए ले जा रहे थे। अधिकारियों ने बचाव अभियान चलाया लेकिन विमान के मलबे से निकाले जाने के पहले ही दो पायलटों में से एक की मृत्यु हो गई। दूसरे पायलट को अस्पताल ले जाया गया लेकिन उसने भी दम तोड़ दिया। उस वक्त वायुसेना ने अपने बयान में कहा था मिराज-2000 ट्रेनर विमान एचएएल द्वारा अपग्रेड किये जाने के बाद एक स्वीकृति उड़ान पर था और दुर्घटना के कारणों की जांच के आदेश भी दिए थे।
इस दुर्घटना में शहीद हुए स्क्वाड्रन लीडर समीर अबरोल की पत्नी गरिमा अबरोल ने तेलंगाना के डंडीगल में एयरफोर्स अकादमी से फ्लाइंग ऑफिसर का कोर्स पूरा किया और संयुक्त स्नातक परेड में शामिल हुईं। परेड का निरीक्षण करने के बाद रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह शहीद स्क्वाड्रन लीडर की पत्नी से मिले और बतौर फ्लाइंग ऑफिसर वायुसेना में कमीशन किया। उन्होंने उन्हें वायुसेना का हिस्सा बनने पर बधाई दी।